Skip to main content

2014 से इन राज्यों की सत्ता पर कब्जा कर BJP ने बढ़ाया साम्राज्य, 2018 में है इनकी बारी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2014 के बाद से तेजी से आगे बढ़ते नजर आए हैं, लेकिन 2017 में कहीं न कहीं उनकी लोकप्रियता में कमी सी देखने मिली। जिससे वह उस राज्य में अपने मतों को खोते नजर आए, जहां वह केवल जन्मे ही नहीं बल्कि उसी राज्य में राजनीति कर उन्होंने अपने आपको उभारा भी। 
इस घटती लोकप्रियता के बाद 2019 में फिर से सरकार बनाने के लिए 2018 बहुत अहम माना जा रहा है। 
2017 में 7 राज्यों में से 6 राज्यों में बीजेपी ने अपनी सरकार बनाई और लगातार जीत के जरिए देश पर अपना प्रभुत्व कायम किया। इसके बाद अब सभी की निगाहें 2018 में होने वाले चुनावों पर है। 2017 में हुए चुनावों में एक तरफ बीजेपी ने राज्यों पर बढ़त की वहीं दूसरी तरफ पहले से बीजेपी सरकार वाले राज्यों में पार्टी की स्थिति कमजोर हुई। इसकी अब ये देखना है कि पार्टी अपनी स्थिति को बरकरार रखेगी या और कमजोर हो जाएगी। होने वाले इन चुनावों को अगले लोकसभा चुनाव के सेमी फाइनल के रूप में देखा जा रहा है।
2018 में होने वाले विधानसभा चुनाव
  • 230 सीटों पर मध्य प्रदेश (बीजेपी) विधानसभा चुनाव
  • 225 सीटों पर कर्नाटक (कांग्रेस) विधानसभा चुनाव
  • 200 सीटों पर राजस्थान (बीजेपी) विधानसभा चुनाव
  • 91 सीटों पर छत्तीसगढ़ (बीजेपी) विधानसभा चुनाव
  • 60 सीटों पर मेघालय (कांग्रेस) विधानसभा चुनाव
  • 60 सीटों पर मिजोरम (कांग्रेस) विधानसभा चुनाव
  • 60 सीटों पर नागालैंड (बीजेपी) विधानसभा चुनाव
  • 40 सीटों पर त्रिपुरा (अन्य) विधानसभा चुनाव
2018 में जिन 8 राज्यों में विधानसभा चुनाव हैं उनमें मध्य प्रदेश, राजस्थान और कर्नाटक जैसे बड़े राज्य भी हैं और मिजोरम, मेघालय जैसे राज्य भी जहां बीजेपी कांग्रेस मुक्त भारत के सपने के साथ कदम रखेगी और यही वजह है कि 2019 से पहले बीजेपी को इन राज्यों में अपना जलवा बिखेरने की जरूरत है।
2017 में जमाई इन राज्यों में सत्ता
2017 में 7 राज्यों में हुए चुनावों में 6 राज्यों में बीजेपी ने अपनी सरकार बनाई, 2017 में गोवा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, मणिपुर, हिमाचल प्रदेश और गुजरात में चुनाव हुए। इनमें पंजाब को छोड़कर सभी राज्यों में बीजेपी ने सत्ता में कब्जा किया। साथ ही बिहार में भी 2017 में गठबंधन टूटने के बाद बीजेपी और जेडीयू के साथ गठबंधन बना।

Comments

Popular posts from this blog

2017 : मोदी, शाह ,योगी ,राहुल, नीतीश से लालू तक के लिए संदेश छोड़े जा रहा है

इस साल कई बड़ी राजनीतिक घटनाएं हुई . साल के शुरुआती महीनों में ही यूपी , पंजाब और उत्तराखंड समेत पांच राज्यों में चुनाव हुए . पंजाब और उत्तराखंड में तो कांगेस और बीजेपी पुरानी सरकारों को हटाकर सत्तानसीन हुई लेकिन सबसे चौंकाने वाले नतीजे यूपी से आए . करीब सवा तीन सीटों के साथ बीजेपी ने देश के सबसे बड़े सूबे की गद्दी पर कब्जा कर लिया . कब्जा भी ऐसा कि तीन चौथाई सीटें झटकर बीजेपी ने यूपी विधानसभा चुनावों में अब तक सर्वेश्रेष्ठ प्रदर्शन किया . आखिरी वक्त में ‘यूपी को साथ पसंद है ‘ जैसे नारे गढकर साझा रथ पर सवार अखिलेश यादव और राहुल गांधी बुरी तरह मात खा गए . सत्ता से बेदखल होकर अखिलेश तो हाशिए पर गए ही , राहुल गांधी की पार्टी सिंगल डिजिट में सिमट कर नतीजों के रसातल में चली गई . सत्तर साल के इतिहास में कांग्रेस का इतना बुरा हाल कभी नहीं हुआ था . यूपी के नतीजों ने जितना चौंकाया , उतना ही योगी आदित्यनाथ के सिर पर ताज रखने के फैसले ने चौंकाया . चुनाव प्रचार के दौरान नरेन्द्र मोदी और अमित शाह के अलावा यूपी के जिन पांच नेताओं के पोस्टर पूरे राज्य में लगे थे , उनमें योगी आदित्यनाथ नदारद ...

लोकसभा में लंबी बहस और वोटिंग के बाद ऐतिहासिक तीन तलाक बिल पास

मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) विधेयक-2017 पास कर दिया है. लोकसभा में यह बिल पास होते ही मुस्लिम महिलाओं के चेेहरे खिल उठे. साथ ही केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने अपनी मेज थपथपाकर खुशी जाहिर की. अब तीन तलाक देने वाले मुस्लिम पुरुषों की खैर नहीं होगी. इससे पहले आज केंद्र सरकार ने लोकसभा में इस बिल को पेश किया. कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने लोकसभा में बिल पेश करते हुए कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है. सरकार मुस्लिम महिलाओं को उनका हक दिलाने के लिए इस बिल को लाई है.  हालांकि RJD, BJD समेत कई विपक्षी पार्टियों ने इस बिल का विरोध किया. विपक्षी पार्टियों ने बिल में सजा के प्रावधान को गलत बताया है. लोकसभा में इस मुद्दे पर लंबी बहस हुई. आखिर में केंद्रीय मंत्री ने सदन में बिल पर उठाए गए सवालों पर जवाब दिया. इसके बाद संशोधन प्रस्ताव पर वोटिंग हुई. वोटिंग के दौरान  मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) विधेयक-2017 पर पेश किए गए सभी संशोधन प्रस्ताव खारिज हो गए. इसके बाद लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने इस बिल के पास होने की घोषणा कर दी. इस दौरान कांग्रेस ने कहा कि सिर...

वायरल सच: 31 मार्च को बदल जाएगा यूपी का नक्शा, होगा बंटवारा!

अगर सच है तो पूरे यूपी की ना सिर्फ सियासत बदलने वाली है बल्कि जल्दी ही देश का भूगोल भी बदल जाएगा। खबर वायरल है कि मोदी-योगी सरकार के एक प्लान ने एक झटके में यूपी के पूरे विपक्ष को चित्त कर दिया है। ये वायरल खबर न जनसंख्या के लिहाज से देश के सबसे बड़े सूबे यानी यूपी के लोगों को बेचैन कर रही है, बल्कि हरियाणा और उत्तराखंड में रहने वालों के लिए भी चौंकाने वाली है। खबर वायरल है कि यूपी के बंटवारे का पूरा इंतजाम हो गया है, बस ऐलान बाकी है। उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और हरियाणा तीनों राज्यों के मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री की इस बारे में चर्चा हो चुकी है। वायरल मैसेज के मुताबिक 31 मार्च 2018 के बाद से यूपी का मैप बदल जाएगा। पांच जिले जल्दी ही यूपी से हटकर हरियाणा और उत्तराखंड में शामिल होने वाले हैं। ये खबर वाट्स एप, फेसबुक ट्विटर और दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर तेजी से वायरल हो रही है। ऐसा करने से केंद्र सरकार एक तीर से कई निशाने साधेगी, जैसे कि ऐसा करने से कई सालों से उठती आ रही हरित प्रदेश की मांग भी खत्म होती हुई नजर आएगी। इसके साथ ही पश्चिम उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बनवाने की मां...